चमोली ज़िले के नंदानगर में बादल फटने से भारी तबाही, 8 लोगों के मौत की खबर औेर 5 लापता
चमोली ज़िले के नंदानगर विकासखंड में बुधवार, 17 सितम्बर 2025 की देर रात बादल फटने (Cloudburst) की दुर्भाग्यपूर्ण घटना हुई, जिससे क्षेत्र में भारी तबाही की स्थिति उत्पन्न हो गई है। इस आपदा में अब तक 8 लोगों के मौत की खबर और 5 लोग लापता बताये जा रहे हैं। प्रशासन द्वारा दो महिलाओं और एक बच्चे को सुरक्षित मलबे से बाहर निकाला गया है।
इस प्राकृतिक आपदा में चमोली जिले के कई गांव प्रभावित हुए हैं। जिसमें गांव कुंतरी लगाफाली में 8 लोगों के मौत की खबर है और 5 लोग लापता बताये जा रहे हैं। जब कि 15–20 मकान एवं गौशालाएं क्षतिग्रस्त हुई है। सैंती कुंतरी गांव में दो व्यक्ति मलबे में दबे गये। धुर्मा गांव में एक व्यक्ति लापता होने की खबर है और सेरा गांव में मकान बहने की सूचना है।

प्रभावित गांवों में देर रात करीब 1:00 बजे से तेज़ बारिश, बिजली गिरने और पहाड़ी मलबे के चलते कई मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए। स्थानीय मोक्ष गाड़ गदेरा के उफान में आने से कई मवेशी भी बह गए।
इसके अलावा सार्वजनिक संपत्ति को भारी नुकसान हुआ है। पेट्रोल पंप और पुराने बाज़ार को जोड़ने वाला पुल बह गया है। नंदप्रयाग–नंदानगर मोटर पुल खतरे की जद में है। सड़कों के अवरुद्ध होने से कई क्षेत्रों से संपर्क कट गया है।
राहत एवं बचाव कार्य जारी
एसडीआरएफ, एनडीआरएफ एवं स्थानीय पुलिस बल द्वारा प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्य जारी है। गंभीर रूप से घायल व्यक्तियों को AIIMS ऋषिकेश एयरलिफ्ट कर उपचार हेतु भेजा जा रहा है। मेडिकल टीमें, एंबुलेंस एवं आवश्यक उपकरण क्षेत्र में तैनात किए गए हैं।

मुख्यमंत्री ने दिए निर्देश
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य आपदा परिचालन केंद्र आईटी पार्क, देहरादून से प्रभावित क्षेत्रों की समीक्षा की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निम्न निर्देश जारी किए राहत एवं बचाव कार्यों को शीघ्रता एवं समन्वय के साथ अंजाम दिया जाए। प्रभावित गांवों में सड़क, पेयजल, बिजली एवं नेटवर्क कनेक्टिविटी शीघ्र बहाल की जाए। हर प्रभावित परिवार को आश्रय, भोजन, स्वच्छ जल एवं चिकित्सा की समुचित सुविधा उपलब्ध कराई जाए। सभी प्रभावित क्षेत्रों में पर्याप्त चिकित्सक, दवाइयां एवं आपात संसाधन सुनिश्चित किए जाएं।
जिलाधिकारी चमोली संदीप तिवारी की निगरानी में राहत कार्य सतत जारी हैं। जिला प्रशासन, पुलिस, आपदा प्रबंधन बल तथा स्वास्थ्य विभाग मिलकर आपदा से निपटने हेतु पूरी तत्परता से कार्य कर रहे हैं।

