जीबी पंत विश्वविद्यालय में 79वां स्वतंत्रता दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया गया
गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय, पंतनगर में देश का 79वां स्वतंत्रता दिवस पूरे उत्साह, गर्व और गरिमा के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. मनमोहन सिंह चौहान ने तराई भवन एवं गांधी पार्क में ध्वजारोहण कर कार्यक्रम की औपचारिक शुरुआत की।
जीबी पंतनगर विश्वविद्यालय में 79वां स्वतंत्रता दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। ध्वजारोहण के उपरांत डॉ. मनमोहन सिंह चौहान ने उपस्थित शिक्षकों, विद्यार्थियों, अधिकारियों और कर्मचारियों को देश सेवा का संकल्प दिलाया और स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
उन्होंने कहा कि आज जो स्वतंत्र भारत हम देख रहे हैं, वह हमारे शहीदों के त्याग और बलिदान की नींव पर खड़ा है।
विश्वविद्यालय की उल्लेखनीय उपलब्धियां
अपने संबोधन में कुलपति डॉ. चौहान ने विश्वविद्यालय के शैक्षणिक, शोध, तकनीकी और आधारभूत विकास की दिशा में हुई प्रगति को साझा किया।
उन्होंने बताया कि पंतनगर विश्वविद्यालय ने प्रतिष्ठित QS वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग में 209वां स्थान प्राप्त किया है, जबकि वर्ष 2023 में यह रैंक 361 था। यह उन्नति विश्वविद्यालय के संकल्प, समर्पण और सतत प्रयासों का प्रतिफल है।
उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने ई-फाइल प्रणाली की शुरुआत की है, जिससे कार्यालयीन प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और गति आई है।

कुलपति ने बताया कि हाल के वर्षों में विश्वविद्यालय के आधारभूत ढांचे को मजबूती प्रदान की गई है।
इसमें शामिल हैं:
- टूटी हुई सड़कों का मरम्मत कार्य
- फूलबाग एवं नगला मुख्य द्वार का जीर्णोद्धार
- महिला छात्रों के लिए नया छात्रावास
- पर्वतीय विकास हेतु बिपिन सिंह रावत शोध शिक्षण संस्थान
- जनरल बिपिन रावत छात्रावास
- कृषकों के लिए नया प्रशिक्षण केंद्र
- महिलाओं को समर्पित व्यायामशाला
- वेलनेस सेंटर
- मधु वाटिका
- शोध और नवाचार
डॉ. चौहान ने विश्वविद्यालय के शोध और शैक्षणिक क्षेत्र को मजबूत करने के लिए राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठित संस्थानों के साथ एमओयू (MoU) हस्ताक्षरित किए जाने की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय द्वारा विकसित अनेक तकनीकों के पेटेंट फाइल किए गए, जिनमें से कई को स्वीकृति भी प्राप्त हुई है।
कुलपति ने शोध निदेशालय, प्रसार निदेशालय, संचार निदेशालय, सुरक्षा विभाग एवं विश्वविद्यालय फार्म जैसे विभागों के योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि इन विभागों ने कृषि एवं ग्रामीण समाज से सीधे जुड़कर नवाचारों को धरातल पर उतारने में अहम भूमिका निभाई है।
विशेषत: शहद एवं मशरूम उत्पादन के क्षेत्र में किसानों, स्वयं सहायता समूहों एवं ग्रामीण महिलाओं को प्रशिक्षण देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाया गया है।
विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायक संदेश
डॉ. मनमोहन सिंह चौहान ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि पंतनगर विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राएं न केवल देश में, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी संस्थान का नाम रोशन कर रहे हैं। उन्होंने शोधकर्ताओं और प्राध्यापकों से आग्रह किया कि वे गुणवत्तापूर्ण शोध-पत्र प्रख्यात अंतरराष्ट्रीय पत्रिकाओं में प्रकाशित करें और ऐसे नवाचार करें जो कृषि, उद्योग और समाज के लिए उपयोगी साबित हों।
उन्होंने कहा कि ‘प्रभावी शोध और तकनीकी नवाचार ही कृषि विकास का आधार बनेंगे।’ साथ ही, विद्यार्थियों को संदेश देते हुए उन्होंने कहा कि ‘अपने व्यक्तिगत और पेशेवर विकास के लिए निरंतर मेहनत, अनुशासन और दृढ़ संकल्प आवश्यक हैं – यही सफलता की असली कुंजी है।’
कार्यक्रम का समापन
अपने भाषण के अंत में कुलपति डॉ. चौहान ने सभी को 79वें स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक बधाई दी और तीन बार जोशीले स्वर में ‘जय हिन्द’ का उद्घोष किया, जिसे उपस्थित जनसमूह ने पूरे जोश के साथ दोहराया।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के वरिष्ठ अधिकारी, शिक्षकगण, छात्र-छात्राएं, कर्मचारीगण और आम नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। समस्त आयोजन देशभक्ति की भावना से ओतप्रोत और प्रेरणादायी रहा।

