उत्तराखंड में साहसिक पर्यटन के प्रति युवाओं तथा महिलाओं की रुचि बढ़ी

उत्तराखंड में साहसिक पर्यटन के प्रति युवाओं तथा महिलाओं की रुचि बढ़ी

उत्तराखंड सरकार राज्य में साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने में लगी हुई है। इसी के तहत राज्य में प्रोफेशनल एवं प्रमाणित रिवर गाइड तैयार करना, युवाओं को स्थायी एवं सम्मानजनक आजीविका उपलब्ध कराना और स्थानीय स्तर पर स्व-रोज़गार और छोटे उद्यमों को बढ़ावा देना है।

उत्तराखंड सरकार द्वारा राज्य में साहसिक पर्यटन को सुदृढ़ करने तथा शीतकालीन पर्यटन को राष्ट्रीय स्तर पर आकर्षक बनाने के उद्देश्य से संचालित गतिविधियों की श्रृंखला में 14 से 21 नवम्बर 2025 के मध्य रिवर राफ्टिंग गाइड स्किल असेसमेंट टेस्ट का सफल आयोजन उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद (UTDB) द्वारा किया गया। यह कार्यक्रम प्रदेश में प्रमाणित, प्रशिक्षित एवं कुशल रिवर गाइडों की उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु एक महत्वपूर्ण कदम है।

प्रतिभागियों की संख्या एवं सहभागिता

● कुल आवेदन प्राप्त: 450
● प्रथम चरण में सफल: 284
● महिला प्रतिभागी: 5, जिनमें से 4 ने प्रथम चरण सफलतापूर्वक किया

यह परिलक्षित करता है कि उत्तराखंड में साहसिक पर्यटन के प्रति युवाओं तथा महिलाओं दोनों में जागरूकता एवं रुचि लगातार बढ़ रही है।

प्रथम चरण — देहरादून में कौशल एवं फिटनेस मूल्यांकन

मूल्यांकन में निम्नलिखित परीक्षण शामिल रहे, रिवर स्विमिंग टेस्ट, वाइवा एवं तकनीकी मूल्यांकन और चिकित्सा परीक्षण (Medical Fitness)। असेसमेंट प्रक्रिया में निम्नलिखित दल सम्मिलित रहे। जिसमें चिकित्सा टीम, तकनीकी एवं विनियामक टीम, जिला पर्यटन विकास अधिकारी, टिहरी गढ़वाल, सचिव, गंगा नदी राफ्टिंग प्रबन्धन समिति, आईटीबीपी, साहसिक खेल अधिकारी, UTDB, वन विभाग, जल क्रीड़ा विशेषज्ञ और GNR (सचिव, गंगा नदी राफ्टिंग प्रबन्धन समिति) स्टाफ।

द्वितीय चरण में शिवपुरी, ऋषिकेश में उन्नत नदी परीक्षण 20 और 21 नवम्बर 2025 को किया गया।

परीक्षणों में शामिल — 284
(क) राफ्ट री-फ्लिपिंग टेस्ट — प्रतिभागियों को आपात-स्थिति में राफ्ट को स्वयं दुरुस्त करने की क्षमता प्रदर्शित करनी थी।
(ख) थ्रो-बैग रेस्क्यू टेस्ट — तेज़ धारा में बचाव कौशल का प्रदर्शन किया गया।
(ग) 7 किमी सोलो रिवर डाउन — प्रत्येक प्रतिभागी को निर्धारित समयावधि में 7 किमी का नदी मार्ग सोलो पूरा करना अनिवार्य था। इन परीक्षणों के आधार पर चयनित रिवर गाइडों की अंतिम सूची UTDB द्वारा शीघ्र जारी की जाएगी।

साहसिक पर्यटन के माध्यम से युवा रोजगार सृजन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम रिवर राफ्टिंग उत्तराखंड में शीतकालीन एवं वर्षपर्यंत पर्यटन का प्रमुख आधार बनती जा रही है।

इस परीक्षण का उद्देश्य — राज्य में प्रोफेशनल एवं प्रमाणित रिवर गाइड तैयार करना, युवाओं को स्थायी एवं सम्मानजनक आजीविका उपलब्ध कराना और स्थानीय स्तर पर स्व-रोज़गार और छोटे उद्यमों को बढ़ावा देना है।

सचिव पर्यटन धीराज सिंह गर्ब्याल ने बताया कि राज्य में रिवर राफ्टिंग, क्याकिंग, ट्रेकिंग, माउंटेन स्पोर्ट्स, होमस्टे एवं यात्रा प्रबंधन जैसे क्षेत्रों में प्रतिवर्ष हजारों नए अवसर उत्पन्न होते हैं। प्रशिक्षित गाइडों के चयन से यह क्षेत्र और अधिक संगठित एवं सुरक्षित बनेगा, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा तथा साहसिक पर्यटन का विस्तार वैश्विक मानकों के अनुरूप हो सकेगा।

राज्य का विज़न — उत्तराखंड को Adventure Capital of India बनाना है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार का लक्ष्य है कि — साहसिक पर्यटन को पूरे वर्ष चलने वाला आर्थिक इंजन बनाया जाए, शीतकालीन पर्यटन को राष्ट्रीय स्तर पर स्थापित किया जाए और ग्रामीण एवं सीमांत क्षेत्रों को स्थायी आजीविका से जोड़ा जाए।

सचिव पर्यटन धीराज सिंह गर्ब्याल द्वारा यह भी बताया गया कि यह परीक्षण उसी श्रृंखला का सशक्त कदम है, जो उत्तराखंड को “Adventure Capital of India” बनाने की दिशा में अग्रसर कर रहा है।

Yogi Varta

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